‘ शेखर एक जीवनी ‘ , ‘ नदी के द्वीप ‘ , ‘ अपने अपने अजनबी ‘ , हरी घास पर क्षण भर ’ , ‘ कितनी नावों में कितनी बार ‘ जैसी प्रमुख कृतियों के रचनाकार

सच्चिदानंद हीरानंद वात्स्यायन ‘ अज्ञेय ‘ का जन्म 7 मार्च 1911 को उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले में हुआ । कवि , कथाकार अज्ञेय की प्रारंभिक शिक्षा संस्कृत में हुई । साहित्य अकादमी और ज्ञानपीठ जैसे प्रतिष्ठित सम्मान से सम्मानित अज्ञेय ने हिंदी कविता और नए आयाम दिए ।


धरोहर


नहीं , युलिसीज

न तुम्हें कभी मिलेगी इथाका

न मुझे कभी द्वारका । ।

वापसी में यों भी ।

कोई नगर नहीं मिलते :

प्रवासी लौटते तो हैं ।

पर उनकी घर – वापसी नहीं होती

जहां वापसी होती है वहां उनके घर नहीं होते

उन्हें कोई नहीं पहचानता ।

अज्ञेय


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